Jamane Bhar Me Milte Hai Ashiq Kai

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ज़माने भर में मिलते हे आशिक कई,
मगर वतन से खूबसूरत कोई सनम नहीं होता ।
नोटों में भी लिपट कर, सोने में सिमटकर मरे हे कई,
मगर तिरंगे से खूबसूरत कोई कफ़न नहीं होता ।।
जय हिन्द जय भारत

This picture was submitted by Smita Haldankar.

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